पत्थर पर दर्ज 1883 की कहानी, सरगांव सराय का 1883 का शिलालेख बना इतिहास का जीवंत प्रमाण, बिलासपुर की ब्रिटिशकालीन प्रशासनिक विरासत उजागर
इतिहास केवल किताबों में नहीं, बल्कि ऐसे मौन पत्थरों में भी सुरक्षित सरगांव। सरगांव के शासकीय कन्या शाला परिसर की दीवार पर आज भी मौजूद यह शिलालेख बिलासपुर क्षेत्र के प्रशासनिक, सामाजिक और ऐतिहासिक इतिहास से जुड़ी एक अत्यंत महत्वपूर्ण धरोहर के रूप में सामने आता है। पत्थर पर उकेरा गया “SURGAON SERAI” इस बात…