नाबालिग को बहला‑फुसलाकर भगाने वाला आरोपी राहुल यादव गिरफ्तार, न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया
सरगांव। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मुंगेली श्री भोजराम पटेल (भा.पु.से.) के निर्देशन में सरगांव थाना पुलिस ने नाबालिग को बहला‑फुसलाकर भगाने के मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी राहुल यादव को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री भोजराम पटेल ने जिले के समस्त थाना/चौकी प्रभारियों को महिला, नाबालिग एवं संपत्ति संबंधी अपराधों पर त्वरित और सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। निर्देशों के पालन में प्रार्थी ने थाना सरगांव में रिपोर्ट दर्ज कराई कि 01.03.2026 को उसकी नाबालिग पुत्री को आरोपी राहुल यादव, नाबालिग जानते हुए, उसके वैध संरक्षक की जानकारी के बिना बहला‑फुसलाकर ले गया। रिपोर्ट पर थाना सरगांव में अपराध क्रमांक 33/2026 पर धारा 137(2) बीएनएस के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।
विवेचना के दौरान अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुश्री नवनीत छाबड़ा एवं उप पुलिस अधीक्षक श्री हरविंदर सिंह के कुशल मार्गदर्शन में सरगांव पुलिस ने तकनीकी सूचनाओं और मुखबिर की मदद से 17.03.2026 को रायपुर के बोरियाखुर्द क्षेत्र से आरोपी राहुल यादव के कब्जे से अपहृता नाबालिग को गवाहों की मौजूदगी में बरामद कर परिजन एवं गवाहों के साथ थाना सरगांव लाया। महिला पुलिस अधिकारी द्वारा पीड़िता से घटना के संबंध में विस्तृत पूछताछ कर कथन दर्ज किए गए।
तथ्यात्मक पूछताछ में आरोपी राहुल यादव (पिता – मनहरण यादव, उम्र 20 वर्ष, निवासी मेढ़की, थाना नवागढ़, जिला बेमेतरा) ने अपराध स्वीकार किया। पीड़िता एवं आरोपी दोनों का चिकित्सकीय परीक्षण कराया गया। जांच में आरोपी का कृत्य प्रथमदृष्टया दुष्कर्म एवं पॉक्सो संबंधी अपराध की श्रेणी में पाए जाने पर प्रकरण में धारा 87, 64(1)(2)(ड) बीएनएस एवं 04, 06 पॉक्सो एक्ट को जोड़ा गया। इसके बाद सरगांव थाना पुलिस ने आरोपी राहुल यादव को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।
इस संपूर्ण कार्रवाई में उप निरीक्षक संतोष शर्मा (थाना प्रभारी सरगांव), उप निरीक्षक श्रीमती शोभा यादव, प्रधान आरक्षक ज्वाला प्रसाद हिंडोरे, आरक्षक रवि जांगड़े, रिपीन बनर्जी, रामकिशोर कश्यप, सूरज धुरी, हकीम अली एवं भेलेश्वर जायसवाल की सराहनीय भूमिका रही। सरगांव थाना की संयुक्त और त्वरित कार्रवाई से नाबालिग को सुरक्षित बरामद कर आरोपी को जेल की सलाखों के पीछे पहुंचाया गया।


